हाई कोर्ट के निर्देश पर प्रशासन ने हटाया अतिक्रमण, अवैध घर निर्माण पर चला जेसीबी


नेशनल आवाज़/बक्सर : – हाई कोर्ट के आदेश के अलोक मे प्रशासन ने सिकरौल गांव स्थित ऐतिहासिक पोखरे को अतिक्रमण मुक्त करा दिया. मंगलवार को चलाए गए विशेष अभियान के तहत वर्षों से जमे अवैध कब्जों को हटाया गया. इस कार्रवाई का उद्देश्य न केवल सरकारी भूमि को मुक्त कराना था, बल्कि गांव के प्रमुख जलस्रोत को पुनर्जीवित करना भी रहा. अंचलाधिकारी नीलेश कुमार के नेतृत्व में चलाए गए उक्त अभियान में राजस्व अधिकारी उद्धव मिश्रा एवं राजपुर थानाध्यक्ष निवास कुमार सैंकड़ो पुलिस बल के साथ मौके पर मौजूद रहे.
प्रशासनिक टीम ने पूरी तैयारी के साथ बुलडोजर कार्रवाई करते हुए पोखरे की भूमि पर बनी झोपड़ियों और कच्चे आवासों को ध्वस्त किया. सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए पुलिस बल की तैनाती की गई थी. प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया कि सिकरौल पोखरा सरकारी अभिलेखों में सार्वजनिक जलस्रोत के रूप में दर्ज है और उस पर किसी भी तरह का निजी कब्जा कानूनन अपराध है. सभी 26 अतिक्रमणकारियों को पहले ही नोटिस देकर स्वेच्छा से कब्जा हटाने का अवसर दिया गया था, लेकिन तय समय सीमा तक अनुपालन नहीं होने पर मजबूरन यह कार्रवाई करनी पड़ी. अंचलाधिकारी ने यह भी स्पष्ट किया कि कार्रवाई के दौरान जांच में 13 परिवार वास्तविक रूप से भूमिहीन पाए गए हैं, जिनके पुनर्वास के लिए वैकल्पिक व्यवस्था की प्रक्रिया शुरू की गई है.






