अनुशंसित मात्रा में करें कीटनाशकों का प्रयोग, दवाओं के साथ लगे लीफलेट को ज़रूर पढ़ें : डॉ. रामकेवल
विश्वनाथ गार्डेन के सभागार में एक दिवसीय कृषक प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन


नेशनल आवाज़ /बक्सर :- नगर के पीसी कॉलेज के पास विश्वनाथ नगर स्थित विश्वनाथ गार्डेन के सभागार में रविवार को सिंजेंटा इंडिया प्राइवेट लिमिटेड व जे.के. कृषक केंद्र, धनसोई के संयुक्त तत्वावधान में एक दिवसीय कृषक प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन प्रगतिशील कृषक कमलेश पाण्डेय, संजय चौबे, रजनीकांत उर्फ जीरो पहलवान, राजेश्वर राय, मनोज राय, जितेंद्र कुमार सिंह तथा पिंटू सिंह द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया.मंच संचालन ‘आसा पर्यावरण सुरक्षा, बिहार’ के संयोजक विपिन कुमार ने किया.

कीट प्रबंधन पर वैज्ञानिकों ने दी विस्तृत जानकारी
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित कृषि विज्ञान केंद्र (KVK), बक्सर के वैज्ञानिक डॉ. रामकेवल ने कीट प्रबंधन पर विस्तारपूर्वक जानकारी साझा की.उन्होंने किसानों को जागरूक करते हुए कहा कि खेतों में दवाओं का छिड़काव करने से पहले उनके साथ आने वाले लीफलेट (निर्देश पत्रिका) का अच्छी तरह अवलोकन कर लें और अनुशंसित मात्रा में ही कीटनाशकों का प्रयोग करें.सिंजेंटा के डिवीजनल मैनेजर अमित सिंह ने कहा कि सिंजेंटा इंडिया विश्व व भारत में अव्वल स्थान पर है, जिसका पूरा श्रेय हमारे अन्नदाता किसानों को जाता है.
उन्होंने किसानों से ‘सिंजेंटा क्रॉपवाइज ग्रोवर ऐप’ का उपयोग करने की अपील की ताकि फसलों में सही और सटीक मात्रा में कीटनाशकों का प्रयोग किया जा सके. उन्होंने यह भी बताया कि जिले में जे.के. कृषक केंद्र, धनसोई कंपनी के अधिकृत डिस्ट्रीब्यूटर हैं, जहां से किसान पूरे भरोसे के साथ सिंजेंटा के असली उत्पादों की खरीदारी कर सकते हैं.
सुरक्षा और पर्यावरण का रखें ख्याल
प्रशिक्षण के दौरान सिंजेंटा के रीजनल मैनेजर शशीभूषण ने खरीफ मौसम में उगाई जाने वाली फसलों के प्रबंधन पर प्रकाश डाला.वहीं, तकनीकी प्रबंधक मिलन कर्माकर ने पावरपॉइंट प्रेजेंटेशन (PPT) के माध्यम से सिंजेंटा के सभी उत्पादों और उनके प्रयोग करने की वैज्ञानिक विधि के बारे में तकनीकी जानकारी दी.टेरिटरी मैनेजर रविन्द्र मिश्रा ने दवाओं के इस्तेमाल के समय बरती जाने वाली सुरक्षा पर जोर देते हुए कहा कि कंपनी दवाओं की बिक्री के साथ-साथ मानव स्वास्थ्य की सुरक्षा का भी बेहद ख्याल रखती है.
देहदान-अंगदान और पर्यावरण सुरक्षा की अपील
’आसा पर्यावरण सुरक्षा’ व ‘दधिची देहदान समिति, बक्सर’ के संयोजक विपिन कुमार ने सामाजिक सरोकार से जुड़े मुद्दों पर अपनी बात रखी. उन्होंने कहा कि पर्यावरण सुरक्षा के लिए सिर्फ पौधे लगाना ही काफी नहीं है, बल्कि उनकी सुरक्षा पर भी विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है.इसके साथ ही उन्होंने देहदान व अंगदान के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि इसके माध्यम से हम किसी जरूरतमंद के जीवन में खुशियों के भागीदार बन सकते हैं.कार्यक्रम के अंत में किसानों के सम्मान में पारितोषिक (पुरस्कार) का वितरण किया गया.
प्रशिक्षण में मौजूद प्रगतिशील कृषक कमलेश पाण्डेय, अंकित कुमार सिंह, रमेशचन्द्र पाण्डेय और प्रेम कुमार सिंह आदि ने भी खेती-किसानी को उन्नत बनाने के लिए अपने महत्वपूर्ण सुझाव दिए. धन्यवाद ज्ञापन चंदन कुमार सिंह द्वारा किया गया.इस मौके पर जे.के. कृषक केंद्र, धनसोई के प्रो. जितेंद्र कुमार सिंह, एमडीओ ललन सिंह, आयुष ओझा, दीपू कुमार, मंजीत कुमार पाल, डॉ. सुरेन्द्र कुमार सिंह, राजशेखर, कोमल प्रिया, आनंद प्रकाश, शमशाद खान, साहेब तिवारी, विकास कुमार, हरेराम, उमेश कुमार सिंह, अरविंद कुमार, शांतनु कुमार, संतोष कुमार सिंह, पिंटू ओझा, अमरनाथ पाण्डेय, लवकुश पाण्डेय, लालबाबू सिंह, अवधेश कुमार सिंह, संजय कुमार सिंह और शालीग्राम पाल सहित सैकड़ों की संख्या में क्षेत्र के किसान मौजूद थे.






