चौसा-कोचस मुख्य पथ हुआ बदहाल,जमौली के पास ट्रक पलटा, बड़ा हादसा टला

नेशनल आवाज़ /बक्सर :- राजपुर प्रखंड के चौसा-कोचस मुख्य मार्ग देखरेख के अभाव में बदहाली के आंसू रो रहा है.सड़क पर जगह-जगह बने गहरे गड्ढों के कारण यह मुख्य पथ हादसों का कॉरिडोर बनता जा रहा है.बारिश के कारण गड्ढों में जलजमाव हो गया है, जिससे सड़क झील जैसी नजर आने लगी है.मंगलवार की सुबह जमौली गांव के पास सड़क के बीचों-बीच बने गहरे गड्ढे में असंतुलित होकर उत्तर प्रदेश की ओर से आ रहा एक माल लदा ट्रक पलट गया.इस दुर्घटना में चालक व खलासी बाल-बाल बच गए, लेकिन सड़क पर ट्रक पलटने से दोनों तरफ कई घंटों तक आवागमन पूरी तरह बाधित रहा.
स्थानीय ग्रामीणों ने रोष जताते हुए बताया कि लगभग एक वर्ष पूर्व आयोजित जन संवाद कार्यक्रम में तत्कालीन जिलाधिकारी ने इस सड़क की शीघ्र मरम्मत कराने की घोषणा की थी. हालांकि, प्रशासनिक घोषणा केवल खानापूरी बनकर रह गई. विभाग द्वारा गड्ढों में सिर्फ कंक्रीट भरकर छोड़ दिया गया, जो पहली ही बारिश में बह गया. स्थिति अब यह है कि सड़क पर दो से ढाई फीट तक गहरे और जानलेवा गड्ढे बन चुके हैं.दो जिला मुख्यालयों बक्सर और सासाराम को जोड़ने वाले इस मार्ग पर दिन-रात बस, ट्रक और हजारों छोटी-बड़ी गाड़ियों का परिचालन होता है.
सड़क की स्थिति इतनी जर्जर है कि हर एक किलोमीटर पर जानलेवा गड्ढे मिलेंगे, जिससे वाहनों की गति थम सी गई है.सबसे खराब स्थिति भलुहा और जमौली गांव के समीप सड़क पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है.दो से ढाई फीट गहरे गड्ढों के कारण यहां रोजाना गाड़ियां फंसती हैं और लंबा जाम लगा रहता है.कोचाढ़ी, सरेंजा, भलुहा, राजपुर बाजार, नायरा पेट्रोल पंप, करैला डेरा, जमौली, तियरा बघेलवा मोड़ और जलहरा के पास सड़क की स्थिति अति दयनीय है.स्थानीय निवासियों व राहगीरों ने प्रशासन से अविलंब सड़क का स्थायी निर्माण कराने की मांग की है, ताकि किसी बड़े हादसे को टाला जा सके.







