कटरिया में खड़ी यात्री बस में असामाजिक तत्वों ने लगाई आग, जांच में जुटी पुलिस


नेशनल आवाज़ /बक्सर :- राजपुर थाना क्षेत्र के कटरिया गांव से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है. जहाँ देर रात एक दरवाजे पर खड़ी यात्री बस को अज्ञात शरारती तत्वों ने आग के हवाले कर दिया. इस घटना में बस पूरी तरह जलकर खाक हो गई है. जिससे बस मालिक को लाखों रुपये की भारी क्षति हुई है. इस घटना के बाद से पूरे इलाके में तनाव और चर्चाओं का बाजार गर्म है.मिली जानकारी के अनुसार, यह बस किशुनीपुर मड़निया गांव के निवासी सुरेंद्र सिंह यादव की है. यह बस पिछले कई वर्षों से प्रतिदिन कटरिया से बक्सर के बीच चलती है. रोज की तरह गुरुवार की शाम को भी चालक ने बस को कटरिया गांव में एक दरवाजे पर सुरक्षित खड़ा कर दिया था.लेकिन देर रात जब चारों तरफ सन्नाटा पसरा था, तभी अज्ञात शरारती तत्वों ने इस वारदात को अंजाम दिया.
ग्रामीणों ने बताया की जब तक हम लोगों को आग लगने की भनक लगी और हम मौके पर पहुंचे, तब तक आग की लपटें इतनी तेज हो चुकी थीं कि पूरी बस जलकर राख के ढेर में तब्दील हो चुकी थी.घटना की सूचना मिलते ही राजपुर थाना की पुलिस तुरंत एक्शन में आई.थानाध्यक्ष निवास कुमार और एसआई सुभाष कुमार दलबल के साथ मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया. पुलिस ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं और मामले की बारीकी से जांच कर रही है.
दो हफ्ते में दूसरी वारदात रंजिश या सोची-समझी साजिश?
इस घटना के पीछे एक बेहद चौंकाने वाला पहलू भी सामने आ रहा है, जो क्षेत्र में गहरी रंजिश की ओर इशारा कर रहा है.मात्र दो हफ्ते में पहले बीते 13 मई को बन्नी पंचायत के भरखरा गांव में भी एक खड़ी बस में इसी तरह आग लगा दी गई थी.हैरान करने वाली बात यह है कि भरखरा गांव वाली घटना में इस बस के मालिक (सुरेंद्र सिंह यादव) को नामजद आरोपी बनाया गया था.अब ठीक दो हफ्ते बाद सुरेंद्र सिंह की खुद की बस को आग के हवाले कर दिया गया. स्थानीय लोग इसे ‘बदले की कार्रवाई’ और सोची-समझी साजिश के रूप में देख रहे हैं.इस घटना पर जनता दल यूनाइटेड के स्थानीय नेता जयप्रकाश पटेल ने कड़ी निंदा की है.
उन्होंने जिला प्रशासन और राजपुर पुलिस से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष और उच्च स्तरीय जांच की जाए, ताकि दोनों घटनाओं के पीछे छिपे असली चेहरों को बेनकाब कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जा सके.






