मजदूर के बेटे सचिन ने BPSC में पायी सफलता, बनेंगे स्टेट टैक्स असिस्टेंट कमिश्नर


नेशनल आवाज़ /बक्सर :- “मंजिलें उन्हीं को मिलती हैं जिनके सपनों में जान होती है, पंखों से कुछ नहीं होता हौसलों से उड़ान होती है.” इस कहावत को अक्षरश: सच कर दिखाया है बक्सर जिले के जगदीशपुर गाँव के एक होनहार लाल ने.बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) की 70वीं संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा के परिणाम घोषित होते ही बक्सर के जगदीशपुर गाँव में जश्न का माहौल है.यहाँ के रहने वाले सचिन कुमार राम ने परीक्षा में 148वीं रैंक हासिल कर पूरे जिले का नाम रोशन किया है.सचिन का चयन स्टेट टैक्स असिस्टेंट कमिश्नर के गौरवशाली पद पर हुआ है.
अभावों को मात देकर पाई सफलता
सचिन कुमार राम की यह सफलता इसलिए बेहद खास है क्योंकि उनके पिता चिरंजीवी राम पेशे से एक मजदूर हैं. आर्थिक तंगी और सीमित संसाधनों के बावजूद पिता ने बेटे की पढ़ाई में कभी रुकावट नहीं आने दी. सचिन ने अपनी कड़ी मेहनत और दृढ़ संकल्प के बल पर यह साबित कर दिया कि अगर इरादे मजबूत हों, तो गरीबी कभी भी सफलता की राह में रोड़ा नहीं बन सकती.
परिवार में खुशी का माहौल
सचिन की इस ऐतिहासिक सफलता से उनके भाइयों बबलू और रौशन सहित पूरे परिवार की आँखें खुशी से नम हैं. सचिन ने अपनी इस सफलता का श्रेय अपने माता-पिता के आशीर्वाद, भाइयों के सहयोग और अपने कठिन परिश्रम को दिया है.गाँव के एक साधारण परिवार के लड़के के कमिश्नर बनने की खबर फैलते ही जगदीशपुर गाँव में बधाई देने वालों का तांता लग गया है.
बक्सर स्टेशन पर गाजे बाजे के साथ उनका भव्य स्वागत हुआ.स्थानीय जनप्रतिनिधियों और प्रबुद्ध समाजसेवियों में पूर्व बीडीसी सत्यप्रकाश कुशवाहा, मुखिया विजेन्द्र सिंह, सरपंचविजयबहादुर यादव, मुखिया पिंकी देवी, अंजय सिंह, रामकैलाश राम, वीरेंद्र राम, गोविंद यादव, राजदीप सिंह ने संयुक्त रूप से कहा कि सचिन ने विपरीत परिस्थितियों में जो मुकाम हासिल किया है, वह बक्सर ही नहीं बल्कि पूरे बिहार के ग्रामीण परिवेश के युवाओं के लिए एक बड़ी प्रेरणा है.






